हाथरस/सासनी। तहसील क्षेत्र के गांव बिजहारी के माजरा न्यू बिजलीघर पर फर्जी प्रमाण पत्रों के जरिए आशा कार्यकत्री का चुनाव कर दिया गया। किसी भी अधिकारी ने कार्यकत्री के दस्तावेजों की जांच करने की जहमत नहीं उठाई है। जिसकी शिकायत बिजलीघर निवासी आरिफ मलिक की पत्नी नजमा बेगम ने एसडीएम से की है।
मंगलवार को प्रेषित शिकायत में मोहल्ला न्यू बिजलीघर कालोनी निवासी नजमा बेगम ने कहा है कि ग्राम पंचायत बिजाहरी के माजरा न्यू बिजलीघर पर आशा कार्यकत्री के रुप में काफी समय से अख्तरी बेगम तैनात थी। जो पदोन्नति होने पर सुपरबाइजर बना दी गई। सुपरवाइजर बनने के बाद आशा कार्यकत्री की जगह खाली हो गई। जहां नजमा ने आशा कार्यकत्री के लिए ग्राम प्रधान को अपनी शैक्षिक योग्ता के प्रमाण पत्रों सहित एक प्रार्थना पत्र दिया। जिसके आधार पर नवीन आशा के रुप में ग्राम प्रधान द्वारा खुली बैठक में नजमा का नाम संबधित अधिकारी को भेज दिया गया। और नजमा की नवीन आशा के रुप में नियुक्ति कर दी गई। उसी दौरान अख्तरी बेगम ने अपनी भाभी शवनम पत्नी मोहम्मद इस्माइल के फर्जी शैक्षिक प्रमाण पत्र बनवाकर तथा अस्पताल कर्मियों से साठ गांठ कर आशा कार्यकत्री का चयन करा दिया गया। नजमा ने कहा है कि उसका नाम क्रमांक 27 पर अंकित है। जिसमें शबनम अपनी तैनाती दिखाती है। जब कि शबनम की तैनाती तो नाममात्र है। इस कार्य को भी अख्तरी बेगम कर रही हैं। चिकित्साधिकारी से सर्वे रजिस्टर मांगा जाए तो वह भी नजमा को नहीं दिया जाता है। विभ् त
मंगलवार को प्रेषित शिकायत में मोहल्ला न्यू बिजलीघर कालोनी निवासी नजमा बेगम ने कहा है कि ग्राम पंचायत बिजाहरी के माजरा न्यू बिजलीघर पर आशा कार्यकत्री के रुप में काफी समय से अख्तरी बेगम तैनात थी। जो पदोन्नति होने पर सुपरबाइजर बना दी गई। सुपरवाइजर बनने के बाद आशा कार्यकत्री की जगह खाली हो गई। जहां नजमा ने आशा कार्यकत्री के लिए ग्राम प्रधान को अपनी शैक्षिक योग्ता के प्रमाण पत्रों सहित एक प्रार्थना पत्र दिया। जिसके आधार पर नवीन आशा के रुप में ग्राम प्रधान द्वारा खुली बैठक में नजमा का नाम संबधित अधिकारी को भेज दिया गया। और नजमा की नवीन आशा के रुप में नियुक्ति कर दी गई। उसी दौरान अख्तरी बेगम ने अपनी भाभी शवनम पत्नी मोहम्मद इस्माइल के फर्जी शैक्षिक प्रमाण पत्र बनवाकर तथा अस्पताल कर्मियों से साठ गांठ कर आशा कार्यकत्री का चयन करा दिया गया। नजमा ने कहा है कि उसका नाम क्रमांक 27 पर अंकित है। जिसमें शबनम अपनी तैनाती दिखाती है। जब कि शबनम की तैनाती तो नाममात्र है। इस कार्य को भी अख्तरी बेगम कर रही हैं। चिकित्साधिकारी से सर्वे रजिस्टर मांगा जाए तो वह भी नजमा को नहीं दिया जाता है। विभ् त
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